तेरी तलाश करता हुँ
तेरी तलाश करता हुँ
तेरी तलाश करता हुँ, तुझको ही बुलाता हुँमेरी आवाज़ सुन ले तू ।।
तू ही मेरी प्यास, तू ही है लगन
तू ही मेरी आखरी है तलाश
जेसे हिरनी, जल के लिए
वैसे मेरा दिल तेरे लिए तरसे -2।।
तुझमे रहूँ, तू मुझमे रहे
यही मेरे दिल की है दुआ
रात और दिन तुझे महिमा दूँ
तेरे मंदिर में, मै रहूँ -2।।
Comments
Post a Comment